Barabanki News... सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश (CJI) पर जूता फेंकने के प्रयास और संवैधानिक पद के अपमान को लेकर आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने आज नगर के सतरिख तिराहे पर स्थित अंबेडकर पार्क पर जोरदार प्रदर्शन किया और आरोपी पर अविलंब एवं कठोर कार्रवाई की मांग की। आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने जिला प्रशासन के जरिए राष्ट्रपति को 5 सूत्रीय ज्ञापन भी सौंपा।

ज्ञापन के जरिए राष्ट्रपति को अवगत कराया गया कि CJI पर जूता फेंकने के शर्मनाक और निंदनीय प्रयास की घटना न केवल देश के सर्वोच्च न्यायिक पद का घोर अपमान है, बल्कि यह भारत के संविधान, न्यायपालिका की स्वतंत्रता और बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर द्वारा स्थापित संवैधानिक मूल्यों पर सीधा हमला है। हमारा मानना है कि यह घटना एक सुनियोजित षड्यंत्र का हिस्सा  है, जिसके पीछे समाज में घृणा और विभाजन फैलाने वाली भाजपा BJP सरकार और उसकी मातृ संस्था RSS काम कर रही हैं।

 CJI पर जूता फेंकने का प्रयास करने वाले व्यक्ति ने खुलेआम टेलीविजन पर अपने कृत्य पर गर्व व्यक्त किया, जो अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और कानून के शासन का खुला उल्लंघन है। इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर CJI के खिलाफ अत्यंत अपमानजनक और घृणित सामग्री (जैसे कि गले में हांडी बांधने के पुराने,अपमानजनक चलन की याद दिलाने वाले वीडियो) फैलाई गई, जो स्पष्ट रूप से दलितों और पिछड़ों के सम्मान को ठेस पहुंचाने के इरादे से की गई। यह देश के सर्वोच्च न्यायिक पद पर बैठे एक दलित के बेटे का जानबूझकर किया गया अपमान है, जिसे भाजपा (BJP) और उसके संरक्षण प्राप्त अराजक तत्वों द्वारा किया जा रहा है।

 इस गंभीर संवैधानिक अपमान पर BJP सरकार और उसके प्रमुख नेताओं की लंबी और संदिग्ध चुप्पी अत्यंत चिंताजनक है। *जब सोशल मीडिया पर CJI के बारे में अमर्यादित टिप्पणी करने वाला अजीत भारती सार्वजनिक रूप से 'सरकार भी हमारी, सिस्टम भी हमारा' जैसे बयान देता है और इसके बाद उसे थाने से छुड़ाकर भाजपा का राष्ट्रीय प्रवक्ता अपने साथ ले गया। जिससे यह स्पष्ट होता है कि इस नफरती कार्रवाई को मोदी सरकार का खुला संरक्षण प्राप्त है। भाजपा सरकार की यह निष्क्रियता दर्शाती है कि वह जानबूझकर देश में जातिगत भेदभाव और संवैधानिक पदों के अपमान को बढ़ावा दे रही है। 

आप कार्यकर्ताओं की मांग है कि आरोपी को तुरंत गिरफ्तार किया जाए और उसके खिलाफ कड़ी से कड़ी कानूनी और न्यायिक कार्रवाई की जाए। साथ ही मुख्य न्यायाधीश के खिलाफ सोशल मीडिया पर अपमानजनक वीडियो और टिप्पणियां करने वाले सभी व्यक्तियों और ट्विटर हैंडल्स की पहचान कर उन्हें तुरंत गिरफ्तार किया जाए और उनके खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज किए जाएं। यही नहीं देश की न्यायपालिका और संवैधानिक पदों की गरिमा की रक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह के निंदनीय कृत्य दोहराए न जा सकें।

AAP workers protest, demanding action against those who tried to throw shoes at CJI