Barabanki News... जिले की रामसनेहीघाट इलाके में कल्याणी नदी पर पीपा पुल के लिए पिछले एक हफ्ते से ग्रामीणों का प्रदर्शन चल रहा है। पीपा पुल बनाने की मांग पर अड़े ग्रामीणों को प्रशासन की किसी भी आश्वासन पर भरोसो नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक पुल का निर्माण कार्य शुरू नहीं होगा, तब तक वो धरने पर बैठे रहेंगे। ग्रामीणों के इस प्रदर्शन को कई और संगठनों का भी समर्थन मिल रहा है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक रामसनेहीघाट तहसील क्षेत्र के पारा हाजी गांव के ग्रामीणों का धरना पिछले एक हफ्ते से जारी है। कल्याणी नदी के किनारे ही ग्रामीण धरना दे रहे हैं। उनकी मांग कल्याणी नदी पर पीपा पुल बनाने की है। धरनास्थल पर सोमवार को प्रशासनिक अधिकारियों ने पहुंचकर वार्ता भी की थी और आश्वासन दिया था कि खिचड़ी के बाद पुल निर्माण का कार्य शुरू हो जाएगा, लेकिन प्रदर्शनकारी ग्रामीण नहीं माने। उनका कहना था कि पहले भी इस तरह के कई आश्वासन दिए जा चुके हैं, लेकिन आज तक पुल निर्माण नहीं शुरू हुआ। इसलिए जब तक पुल पर निर्माण कार्य शुरू नहीं होता, वो धरना देते रहेंगे।
दरअसल तहसील रामसनेहीघाट क्षेत्र के बाजपुर ग्राम पंचायत में कल्याणी नदी पर पीपा पुल बनाने की मांग को लेकर पाराहाजी गांव के तमाम महिला-पुरष पहले भी कई बार प्रदर्शन कर चुके हैं। इसी मांग को लेकर ग्रामीणों ने लोकसभा चुनाव का बहिष्कार किया था, लेकिन मौजूदा सांसद के आश्वासन पर उन्होंने मतदान में हिस्सा लिया था, लेकिन कई माह बीतने के बाद जब पुल निर्माण शुरू नहीं हुआ, तो वो फिर धरने पर बैठ गए। पिछले एक हफ्ते से ग्रामीण धरने पर हैं।
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धरना स्थल पर दूसरे संगठन के लोग भी पहुंच रहे हैं। मंगलवार को वहां पहुचे भारतीय किसान यूनियन राजनैतिक के कार्यकर्ताओं ने भी अपना सर्मथन दे दिया। धरना स्थल पर बैठे ग्रामीणों के साथ भाकियू के लोग भी धरने पर बैठकर पुल की मांग करने लगे। पुल की मांग को लेकर शुरू किया गया धरना धीरे धीरे उग्र रूप लेने लगा है। धरना दे रहे ग्रामीणों का आरोप है कि लगातार बाजपुर कल्याणी नदी घाट पर पुल बनाने की मांग अधिकारियों से की जा रही है। इसके बाद भी इस घाट पर पुल का निर्माण नहीं कर जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस पुल के बन जाने से तहसील रामसनेहीघाट सहित बाराबंकी वह अन्य स्थानों के जाने के लिए सुगम मार्ग हो जाएगा और दूरी भी काम तय करनी पड़ेगी।
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